 |
| Chinese students hold a huge Chinese flag as they wait Beijing Olympic torch's arrival at the Olympic Park in Seoul, South Korea, |
एक विशेष ओलंपिक मशाल तिब्बत स्थित माउंट एवरेस्ट बेस कैम्प पहुंच गया है । इसे बीजिंग में होने वाले ग्रीष्मकालीन ओलंपिक खेलों के लिए ले जाने के पहले दुनिया की पहाड़ की इस सबसे ऊंची चोटी तक ले जाया जाएगा ।
यह विशेष मशाल , रिले रेस की मशाल से अलग है ।
दक्षिण कोरिया ने अपनी राजधानी सियोल होकर मशाल की 24 किमी की रिले दौड़ के दौरान गड़बड़ियों को रोकने के लिए 8,000 से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात किया है । 6,000 से अधिक चीनियों ने खेल के समर्थन में झंडे लहराए एवं नारे लगाए । वे संख्या में चीन-विरोधी प्रदर्शनकारियों से काफी अधिक थे । प्रदर्शनकारी तिब्बत में चीन की दमनकारी नीति एवं उत्तर कोरिया के शरणार्थियों को जबरन वापस भेजे जाने का विरोध कर रहे थे ।
प्रदर्शनकारी अन्य बड़े शहरों में मशाल दौड़ के क्रम में बाधा पहुंचा चुके हैं । प्रदर्शनकारी चीन में मानवाधिकार हनन को लेकर उसकी मुखालिफत कर रहे हैं ।
सियोल में उत्तर कोरिया से भाग कर आए एक व्यक्ति ने अपने ऊपर ज्वलनशील द्रव उड़ेल लिया । ऐसा लग रहा था कि वह खुद को आग लेगा, लेकिन पुलिस ने उसे ऐसा करने से रोक लिया ।
इस बीच हांगकांग ने विदेश के तीन मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को प्रतिबंधित कर दिया है । वे 2 मई को मशाल की रिले दौड़ के दौरान तिब्बत में चीन की नीतियों का विरोध करने की योजना बना रहे थे ।
मशाल की रिले दौड़ बीजिंग में ओलंपिक खेलों के उद्घाटन स्थल तक पहुंचकर 8 अगस्त को खत्म हो जाएगी ।