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| U.S. President Barack Obama speaks during a student round table discussion at the Tophane Cultural Centre in Istanbul, 07 Apr 2009 |
आठ दिवसीय यूरोप यात्रा के दौरान तुर्की की संसद को संबोधित करते हुये अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने एक बार फिर अमेरिका के सहयोगियों के साथ साझा हित ढूंढ़ने और परस्पर सम्मान पर आधारित संबंध विकसित करने की नई अमरीकी नीति पर जोर दिया...यूरोप यात्रा के दौरान राष्ट्रपति ने अमरीका के साथ मिलकर काम करने की इसी नीति पर जोर बनाये रखा.
इसी संदर्भ में श्री ओबामा ने ईरानी नेतृत्व के समक्ष उपस्थित विकल्पों और चुनौतियों की चर्चा की.
श्री ओबामा ने कहा "हम चाहते हैं कि ईरान विश्व समुदाय में यथोचित भूमिका का निर्वाह करे. ईरान एक महान सभ्यता है. हम ईरान के साथ ऐसे आर्थिक और राजनीतिक संबंध विकसित करना चाहते हैं, जिनसे समृद्धि और सुरक्षा को बढ़ावा मिलता हो...लेकिन ये निर्णय ईरान के नेताओं को करना है कि वो शस्त्र विकसित करना चाहते हैं...या फिर अपने नागरिकों के लिये बेहतर भविष्य."
राष्ट्रपति ओबामा ने कहा "परमाणु शस्त्रो के प्रसार से किसी का भी भला नहीं होता है" और इस क्षेत्र में शांति की पुनर्वापसी तभी संभव है जबकि ईरान परमाणु हथियार विकसित करने की महत्वाकांक्षा को त्याग दे.
इसके पहले प्राग में दिये एक भाषण में श्री ओबामा ने पिछले दो दशकों में परमाणु प्रसार संबंधी व्यापार में हुई वृद्धि के बारे में चेतावनी देते हुए कहा था-
"नाभिकीय तकनीक और इससे जुड़े रहस्यों के काला बाज़ार में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है....परमाणु बम बनाने की तकनीक का प्रसार हुआ है. आतंकवादी इसे किसी भी तरह से हासिल करने के लिये कटिबद्ध है...चाहे चोरी से या खरीद कर के...और किसी भी एक शहर में ऐसा परमाणु हमला लाखों लोगों की जिंदगी छीन लेगा...चाहे वो न्यूयॉर्क हो...या मॉस्को, इस्लामाबाद हो या मुंबई, टोक्यो हो या तेल अवीव, पेरिस हो या फिर प्राग."
राष्ट्रपति ओबामा ने परमाणु शस्त्र मुक्त विश्व बनाने के लिये ठोस कदम उठाने का वादा किया...उन्होंने कहा "संयुक्त राज्य अमेरिका अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति में परमाणु शस्त्रों की भूमिका कम करेगा...और अन्य देशों से भी इसके लिए आह्वाहन करेगा." उन्होंने कहा कि अमेरिका रूस के साथ मिलकर रणनीतिक हथियारों में कटौती, परमाणु सामग्री की सुरक्षा बढ़ाने के लिये समझौते की कोशिश करेगा...इसके साथ ही अमरीका शस्त्र कार्यक्रम के लिए परमाणु सामग्री के उत्पादन पर रोक लगाने के लिए एक नई संधि करने पर भी दबाव डालेगा."
श्री ओबामा ने कहा कि ईरान अभी तक परमाणु शस्त्र नहीं बना पाया है...उन्होंने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका ईरान के परमाणु ऊर्जा के शांतिपूर्ण इस्तेमाल के अधिकार का समर्थन करता है...लेकिन इसकी कड़ी निगरानी आवश्यक है. राष्ट्रपति ओबामा ने कहा "इस्लामिक गणतांत्रिक ईरान या तो ये रास्ता अपना सकता है...या फिर..उसे और अधिक बहिष्कार और अधिक अंतर्राष्ट्रीय दबाव के साथ-साथ इस क्षेत्र में परमाणु हथियारों की दौड़ में तेजी के लिये तैयार रहना चाहिये जिससे सभी के लिये खतरा और बढ़ जायेगा."