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जर्मन चान्सलर मर्केल ने बर्लिन की दीवार ढहाये जाने की वर्षगांठ पर अमरीकी संसद को संबोधित किया
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03/11/2009
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 | | German Chancellor Angela Merkel addresses a joint session of the U.S. Congress in Washington D.C., 03 Nov 2009 | बर्लिन की दीवार ढहाए जाने की बीसवीं सालगिरह पर जर्मन चान्सलर एंगेला मर्केल ने अमरीका से “इक्कीसवीं शताब्दी की दीवारों पर विजय प्राप्त करने के लिए” जर्मनी के साथ मिल कर काम करने का आग्रह किया.
चान्सलर मर्केल ने अमरीकी संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए मंगलवार को वाशिंगटन में यह बात कही.
सुश्री मर्केल ने, जिन्होंने पिछले सप्ताह अपने पद की दूसरी कार्यावधि शुरू की है, नौ नवंबर 1989 को दीवार गिराए जाने के बाद जर्मनी के पुनर्मेल में सहायता के लिए अमरीकी विधायकों और अमरीकी जनता को धन्यवाद दिया.
लेकिन चान्सलर ने अमरीकी विधायकों से मौजूदा दीवारों पर ध्यान केन्द्रित करने का आह्वान किया जिनमें जलवायु परिवर्तन की समस्या भी शामिल है. उन्होंने उनसे कोपनहेगन में दिसंबर में होने वाले जलवायु सम्मेलन में एक विश्व व्यापी समझौते को समर्थन देने का आग्रह किया.
तालियों की गड़गड़ाहट के बीच चान्सलर ने अफ़ग़ानिस्तान और इस्रायल की सुरक्षा के लिए जर्मनी का समर्थन फिर दोहराया और कहा कि ईरान के हाथों में परमाणु बम स्वीकार्य नहीं है.बर्लिन की दीवार ढहाए जाने की बीसवीं सालगिरह पर जर्मन चान्सलर एंगेला मर्केल ने अमरीका से “इक्कीसवीं शताब्दी की दीवारों पर विजय प्राप्त करने के लिए” जर्मनी के साथ मिल कर काम करने का आग्रह किया.
चान्सलर मर्केल ने अमरीकी संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए मंगलवार को वाशिंगटन में यह बात कही.
सुश्री मर्केल ने, जिन्होंने पिछले सप्ताह अपने पद की दूसरी कार्यावधि शुरू की है, नौ नवंबर 1989 को दीवार गिराए जाने के बाद जर्मनी के पुनर्मेल में सहायता के लिए अमरीकी विधायकों और अमरीकी जनता को धन्यवाद दिया.
लेकिन चान्सलर ने अमरीकी विधायकों से मौजूदा दीवारों पर ध्यान केन्द्रित करने का आह्वान किया जिनमें जलवायु परिवर्तन की समस्या भी शामिल है. उन्होंने उनसे कोपनहेगन में दिसंबर में होने वाले जलवायु सम्मेलन में एक विश्व व्यापी समझौते को समर्थन देने का आग्रह किया.
तालियों की गड़गड़ाहट के बीच चान्सलर ने अफ़ग़ानिस्तान और इस्रायल की सुरक्षा के लिए जर्मनी का समर्थन फिर दोहराया और कहा कि ईरान के हाथों में परमाणु बम स्वीकार्य नहीं है.
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